
अंबिकापुर ब्यूरो
नौकरी का झांसा देकर 16 लाख रुपये लेने का आरोप, थाने पहुंचा मामला
सेवानिवृत्त कॉलरी कर्मचारी ने दंपती पर लगाया गंभीर आरोप, FIR दर्ज करने की रामानुजनगर——— शासकीय नौकरी लगवाने का झांसा देकर लाखों रुपये लेने का मामला सामने आया है।
ग्राम तेजपुर निवासी एक सेवानिवृत्त एसईसीएल कर्मचारी ने बृजलाल लकड़ा एवं उसकी पत्नी संतोषी लकड़ा के खिलाफ रामानुजनगर थाने में शिकायत आवेदन देकर कुल 16 लाख रुपये लिए जाने का आरोप लगाया है।
शिकायतकर्ता ने पुलिस से मामले की जांच कर आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने और राशि वापस दिलाने की मांग की है।
शिकायत आवेदन के मुताबिक, आवेदक एसईसीएल भटगांव क्षेत्र से वर्ष 2020 में सेवानिवृत्त हुए थे। आरोप है कि सेवानिवृत्ति के बाद मिली राशि की जानकारी होने पर बृजलाल लकड़ा और उसकी पत्नी द्वारा परिवार के सदस्यों को शासकीय नौकरी लगवाने का भरोसा दिलाया गया।
शिकायतकर्ता का कहना है कि नौकरी लगाने के नाम पर अलग-अलग समय में उनसे बड़ी रकम ली गई।
आवेदन में उल्लेख है कि परिवार के तीन सदस्यों को अलग-अलग पदों पर नौकरी दिलाने के नाम पर शुरुआती तौर पर 9 लाख रुपये की मांग की गई। शिकायतकर्ता के अनुसार, 23 जून 2024 को 3 लाख रुपये तथा 30 जून 2024 को 6 लाख रुपये बैंक से निकालकर दिए गए।
इसके बाद भी नौकरी नहीं लगने पर कथित रूप से लगातार आश्वासन दिए जाते रहे।
रकम बढ़ती गई, नौकरी का इंतजार खत्म नहीं हुआ
शिकायतकर्ता का आरोप है कि बाद में अन्य नौकरी लगवाने के नाम पर भी उनसे रकम ली गई और इस तरह कुल राशि 16 लाख रुपये तक पहुंच गई। लंबे समय तक नौकरी नहीं लगने पर जब शिकायतकर्ता ने अपनी रकम वापस मांगी तो कथित रूप से टालमटोल की गई।
शिकायत में गाली-गलौज एवं मारपीट की धमकी दिए जाने का आरोप भी लगाया गया है।
साइबर थाने में शिकायत का भी उल्लेख
शिकायतकर्ता ने अपने आवेदन में बताया है कि अगस्त 2025 में उसने साइबर थाना सूरजपुर में भी शिकायत की थी।
आरोप है कि वहां छह माह के भीतर रकम वापस करने की बात कही गई थी, लेकिन शिकायतकर्ता के अनुसार राशि वापस नहीं की गई।
इसके बाद अक्टूबर 2025 में शिकायतकर्ता के पुत्र के खिलाफ एक लाख रुपये उधार लेकर वापस नहीं करने संबंधी शिकायत किए जाने का भी आवेदन में उल्लेख है।
पुलिस जांच से सामने आएगी वास्तविकता
शिकायतकर्ता ने रामानुजनगर थाना पुलिस से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध FIR दर्ज करने तथा कथित रूप से ली गई रकम की वापसी के लिए आवश्यक कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।
मामले में लगाए गए आरोपों की पुष्टि पुलिस जांच और उपलब्ध दस्तावेजों के परीक्षण के बाद ही हो सकेगी। संबंधित पक्ष का बयान अभी नही मिला हैल






