
सूरजपुर विकासखंड रामानुजनगर अंतर्गत संकुल केंद्र द्वारिकापुर में संचालित शासकीय प्राथमिक एवं माध्यमिक शाला पंपानगर में सरपंच श्रीमती सोनमतिया मरावी के द्वारा अपने बच्चों के जन्मदिवस के अवसर पर न्योता भोजन कार्यक्रम का आयोजन किया गया
। जिसमें शिक्षा विभाग के विभिन्न अधिकारियों सहित शाला प्रबंधन समिति के अध्यक्ष एवं सदस्य तथा विद्यालय के सभी छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे ।
भारत सरकार की प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण की गाइडलाइन कंडिका 12 में उल्लेखित न्योता भोजन से लिया गया है
यह सामुदायिक भागीदारी पर आधारित है विभिन्न त्योहार या अन्य अवसर वर्षगांठ, जन्मदिन ,विवाह और राष्ट्रीय पर्व आदि पर बड़ी संख्या में लोगों को भोजन प्रदाय करने की भारतीय परंपरा पर आधारित है प्रदेश में भोजन करने हेतु आमंत्रण को न्योता कहा जाता है
इसी कड़ी में आज ग्राम पंचायत पंपानगर के विद्यालय शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला पंपानगर एवं प्राथमिक शाला पंपानगर में न्योता भोजन कार्यक्रम का आयोजन किया गया ।
सरपंच सोनमतिया मरावी ग्राम पंचायत पंपानगर के मुख्य आतिथ्य में ग्राम पंचायत पंपानगर के उपसरपंच श्री देवसाय प्रजापति शाला प्रबंधन समिति के सदस्य राजाराम सिंह
, शिक्षा विभाग से विकासखंड शिक्षा अधिकारी पंडित भारद्वाज , सहायक विकासखंड शिक्षा अधिकारी रामानुजनगर मनोज कुमार साहू तथा खंड स्त्रोत समन्वयक रामानुजनगर हजारीलाल चक्रधारी की गरिमामय उपस्थिति रही ।
न्योता भोजन में विभिन्न प्रकार के व्यंजन परोसे गये जिसमें खीर ,दाल ,चावल, सब्जी, अचार ,पापड़,केला आदि मुख्य रहा ।
जिसका सभी ने लुत्फ उठाया । विकासखंड शिक्षा अधिकारी पंडित भारद्वाज ने युवा एवं यूथ क्लब माध्यमिक शाला पंपानगर द्वारा तैयार किए गए किचन गार्डन का अवलोकन कर सराहना किया तथा कई आवश्यक सुझाव एवं निर्देश भी दिए
। अधिकारियों ने विद्यालय में बच्चों द्वारा बनाए गए टेराकोटा मॉडल्स तथा विज्ञान मॉडल्स का भी अवलोकन किया तथा और बेहतर करने सुझाव दिए
। कार्यक्रम को सफल बनाने संकुल प्राचार्य अंबिका प्रसाद चौबे, व्याख्याता बालसाय चक्रधारी,
वंश गोपाल सिंह संकुल समन्वयक द्वारिकापुर, मनोज प्रजापति संकुल समन्वयक छिंदिया, लुकेश्वर सिंह संकुल समन्वयक पस्ता ,बेचन सिंह मरपच्ची , खुर्शीद अहमद, कमला देवी, अल्मा खाखा, सरिता एक्का, प्रियंका सिंह , नवल सिंह ,प्रीति गुप्ता, पूजा केसरी, अमय लाल, रीना देवी,लक्ष्मीनिया ,मनबसिया, राकेश ,धनेश्वरी ,रामरतन तथा विद्यालय के सभी छात्र-छात्राओं का सक्रिय योगदान रहा।




