
दोहरा हत्याकांड: कुलदीप समेत चार आरोपी दोषी साबित, 8 अक्टूर को सजा सुनाई जाएगी
सूरजपुर
दो साल पहले सूरजपुर जिले के साथ ही पूरे प्रदेश को हिला देने वाले दोहरे हत्याकांड के मामले में फैसला आया है।
प्रधान आरक्षक तालिब शेख की पत्नी और बेटी की बेरहमी से हत्या करने के मामले में फास्ट ट्रैक कोर्ट ने चारों आरोपियों को दोषी माना है। हालांकि आरोपियों की सजा 8 अक्टूबर को सुनाई जाएगी। इस बीच कोर्ट ने पुलिस पर गाड़ी चढ़ाने के मामले में कुलदीप साहू को दस साल की सजा सुनाई है जबकि गोली कांड के मामले में सभी आरोपियों को बरी कर दिया गया।
सूरजपुर कोतवाली में पदस्थ प्रधान आरक्षक तालिब शेख की पत्नी मेहफैज और बेटी आलिया शेख की कबाड़ व्यवसायी ने अपने साथियों के साथ मिलकर हत्या कर दी थी। महिला और उसकी बच्ची की लाश नग्न अवस्था में पीढ़ा में खेत किनारे मिली थी। इस घटना के बाद क्षेत्र सनसनी फैल गई थी। प्रधान आरक्षक की पत्नी और बेटी की जिस दरिंदगी के साथ हत्या की गई उससे पूरा प्रदेश हिल में पड़ गया था। इस दौरान यह बात सामने आई थी कि कबाड़ व्यवसायी कुलदीप साहू, चंद्रकांत चौधरी उर्फ सोकी, फूल सिंह उर्फ रिंकू और आर्यन विश्वकर्मा उर्फ गोल्डी ने प्रधान आरक्षक के महगवां स्थित घर में घुसकर पत्नी मेहफैज और बेटी आलिया शेख को चाकू गोदकर बेरहमी से हत्या कर दी। इस दौरान दरिंदों ने उनके साथ मारपीट भी की थी। हत्या के बाद आरोपियों ने अर्धनग्न लाशों को सीवरेज घर से बाहर निकाला और फिर कार में भरकर खेत में फेंक दिया था।
वहीं जांच के दौरान टुकर्म की भी पुष्टि हुई है। इस घटना के बाद सूरजपुर जल उठा और जिले भर में जमकर प्रदर्शन हुआ। पुलिस ने इस मामले में कबाड़ व्यवसायी कुलदीप साहू, चंद्रकांत चौधरी उर्फ सोकी, फूल सिंह उर्फ रिंकू और आर्यन विश्वकर्मा उर्फ गोल्डी और सहयोगी नीलांबर साहू, सूरज साहू को गिरफ्तार किया। वहीं इस मामले में आरोपियों की मदद करने वाले आरक्षक को बर्खास्त किया गया। पुलिस में जांच के बाद 10 दिसंबर को चालान कोर्ट में पेश किया था। दोहरे हत्याकांड, टुकर्म की घटना को सुनवाई सूरजपुर में फास्ट ट्रैक कोर्ट में न्यायाधीश आनंद प्रकाश वारियाल के कोर्ट में चल रही थी। कोर्ट में सुनवाई के बाद चर्चा मुख्य आरोपियों को दोषी माना है। हालांकि कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया है। आरोपियों को सजा 8 अक्टूबर को सुनाई जाएगी।





