जनजाति समाज के गौरवशाली अतीत पर महाविद्यालय में एक दिवसीय कार्यशाला हुआ संपन्न

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अनिल साहू

सूरजपुर ।  शासकीय नवीन महाविद्यालय चांदनी बिहारपुर में जनजाति समाज के गौरवशाली ऐतिहासिक सामाजिक एवं अध्यात्मिक विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला श्रीमती निर्मला देवी धुर्वे जनपद सदस्य के मुख्य आथित्य, प्राचार्य जीतन राम पैकरा के अध्यक्षता, अमर सिंह सरपंच, धन सिंह, शिवधन सिंह के विशिष्ट आथित्य में धीरेंद्र कुमार जायसवाल कार्यक्रम संयोजक एवं आभा रंजना कुजूर सहसंयोजक के संयोजन में छत्तीसगढ़ शासन उच्च शिक्षा विभाग एवं सरगुजा विश्वविद्यालय के निर्देशानुसार में संपन्न हुआ।

सर्वप्रथम सरस्वती माता देवी भीमराव अंबेडकर, संत गहिरा गुरु, राज मोहिनी देवी, बिरसा मुंडा वीर नारायण सिंह, रानी दुर्गावती आदि के छायाचित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। इसके उपरांत अतिथियों का पुष्प गुच्छ देकर स्वागत किया गया। तत्पश्चात प्राचार्य के द्वारा समस्त अतिथियों के प्रति स्वागत उद्बोधन किया गया और कार्यक्रम विषय पर अपने विचार प्रस्तुत किया गया। प्राचार्य अपने विचार में जनजातीय समाज के मूल आधार, जल, जंगल, जमीन को संरक्षित करने पर बल दिया।

कार्यक्रम संयोजक धीरेंद्र कुमार जायसवाल के द्वारा जनजाति समाज के गौरवशाली इतिहास उनकी बोली भाषा आचार विचार विवाह संस्कृति अतिथि सत्कार एवं साथ-साथ उनके गौरवशाली सामाजिक और आध्यात्मिक अच्छाइयों को प्रस्तुत किया गया। पिंटू कुमार के द्वारा जनजाति समाज की महत्वपूर्ण पहचान एवं धरोहर को सहेजने पर विचार बल दिया। सचिन कुमार  के द्वारा जनजाति समाज के उत्कृष्ट कार्याे  एवं विद्रोह संघर्ष पर प्रकाश डाला गया। विशिष्ट अतिथि शिवधन सिंह के द्वारा जनजाति विशेषताओं को रेखांकित किया गया। अतिथि अमर सिंह के द्वारा अपने विचार समाज की मौलिकता को बचाये रखने पर बल दिया गया। मुख्य अतिथि  के द्वारा संपूर्ण जनजाति समाज और उनके जीवन दर्शन से प्रेरणा लेने की बात कही गई। सहसंयोजक के द्वारा जनजाति समाज पर अपने विचार व्यक्त किए गए और उनके द्वारा सभी अतिथियों प्राचार्य शिक्षकों कर्मचारी और छात्र-छात्राओं मीडिया पुलिस सभी के प्रति आभार व्यक्त किया गया और धन्यवाद ज्ञापित किया ।

कार्यक्रम में महाविद्यालय के सभी शिक्षक अखिलेश रवि, प्रियांशु जायसवाल, चंद्रदेव राजवाड़े, शिखा दुबे, सीमा राजवाड़े एवं कर्मचारी हरिशंकर दरिया, श्रीमती शांडिल्य, भोला यादव उपस्थित रहे।

anil sahu
Author: anil sahu

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